11 मार्च 2018

11 करोड़ से ‘अमृत’ बुझाएगी फतेहपुर जनपद की प्यास, पिछड़े इलाकों में पांच नलकूप और ओवरहेडटैंक स्थापित करने का हुआ फैसला

फतेहपुर : शहरी क्षेत्रों के लिए केंद्र सरकार द्वारा लागू की गई अमृत योजना सदर पालिका के वरदान साबित होने लगी है। योजना से मिलने वाले 11 करोड़ रुपये की लागत से पेयजल से असंतृप्त इलाकों को पेयजल मुहैया हो सकेगा।


पहली बार होगा कि किसी योजना का शत प्रतिशत लाभ शहर के पिछड़े इलाकों को दिया जा रहा है। तीन लाख की आबादी वाले शहर में पालिका से जुड़े एक दर्जन मजरे व गांव ऐसे है जहां अभी तक टंकी से आपूर्ति नहीं हो रही है। हैंडपंप लगाकर इन इलाकों की प्यास बुझाई जा रही है। अमृत योजना में शहर के पिछड़े इलाके को पेयजल से संतृप्त करने के लिए ग्यारह करोड़ की धनराशि खर्च की जानी है।


पेयजल लाइन भी योजना में शामिल : पूर्व की योजनाओं की बात करें तो पहले ओवरहेड टैंक और नलकूप की स्थापना के लिए अलग से धन मिलता था जबकि पेयजल लाइन विस्तारीकरण के लिए अलग से धन आवंटित होता रहा है। अमृत योजना में केंद्र सरकार ने बदलाव किया है। योजना के तहत नलकूप और ओवरहेड टैंक स्थापित करने के बाद लाभान्वित वाले क्षेत्र के अंतिम छोर तक पेयजल लाइन को पहुंचाया जाना भी जिम्मेदारी में शामिल किया गया है। जिम्मेदार बताते हैं कि इसके पीछे मंशा यह है कि कहीं ऐसा न हो कि नलकूप और ओवरहेड टैंक बनने के बाद पेयजल लाइन न होने की दशा में लोगों को लाभ न मिल पाए।


सदर पालिका के बीबीपुर, मऊ, मिट्ठनपुर, शेखपुर उनवा और माहपुर में अमृत योजना का 11 करोड़ रुपया पेयजल में खर्च किए जाने को हरी झंडी शासन ने दे दी है। शासन से आवंटित हुए धन से 5 ओवरहेड टैंक और पांच नलकूप लगाए जाएंगे। दो साल के अंदर पहली दफा अमृत योजना की बड़ी रकम सदर पालिका को मिली है। सदर पालिका द्वारा दो साल पहले पेयजल से असंतृप्त इलाकों की सूची बनाकर शासन को भेजी गई थी। केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी योजना में धन आवंटित होने से पानी के लिए तरस रहे इलाकों में पेयजल व्यवस्था सुदृढ़ होगी। अधिशासी अधिकारी रश्मि भारती ने बताया कि योजना के डीपीआर में फाइनल मुहर लग गई है। ओवरहेड टैंक और नलकूपों के लग जाने से जिन इलाकों में अभी तक पेयजल की सुविधा नहीं थी वहां पर पानी मिलेगा।

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